Microsoft का भारत में बड़ा निवेश
Microsoft का भारत में बड़ा निवेश
यह बहुत ही महत्वपूर्ण और एशिया में Microsoft का अब तक का सबसे बड़ा निवेश है।
माइक्रोसॉफ्ट ने भारत के क्लाउड और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) इंफ्रास्ट्रक्चर को बढ़ावा देने के लिए 2026 से 2029 के बीच 17.5 बिलियन डॉलर (लगभग ₹1.46 लाख करोड़) के भारी निवेश की घोषणा की है।
यह निवेश भारत को ‘AI-प्रथम भविष्य’ की ओर ले जाने के लिए माइक्रोसॉफ्ट की प्रतिबद्धता को दर्शाता है और यह भारत की AI और डिजिटल महत्वाकांक्षाओं के साथ पूरी तरह से मेल खाता है।
🔑 निवेश के मुख्य स्तंभ (Focus Areas)
यह निवेश मुख्य रूप से तीन प्रमुख क्षेत्रों पर केंद्रित है: स्केल (Scale), स्किल्स (Skills) और सॉवरेनिटी (Sovereignty)।
1. इंफ्रास्ट्रक्चर और स्केल (Infrastructure & Scale)* नया क्लाउड रीजन: माइक्रोसॉफ्ट भारत में अपनी हाइपरस्केल क्लाउड उपस्थिति का विस्तार करेगा। इस निवेश का एक महत्वपूर्ण हिस्सा हैदराबाद में नए इंडिया साउथ सेंट्रल क्लाउड रीजन के विकास पर जाएगा। यह क्षेत्र 2026 के मध्य तक चालू होने की उम्मीद है और यह देश में कंपनी का सबसे बड़ा हाइपरस्केल रीजन होगा।
* डेटा सेंटर का विस्तार: निवेश का उपयोग AI कंप्यूट क्षमता (AI Compute Capacity) और डेटा केंद्रों के बड़े पैमाने पर विस्तार के लिए किया जाएगा। इससे स्थानीय डेटा जरूरतों को पूरा करने और AI सिस्टम के बढ़ते उपयोग को सपोर्ट करने में मदद मिलेगी।
2. स्किल्स और टैलेंट (Skills & Talent)
* AI ट्रेनिंग का लक्ष्य दोगुना: माइक्रोसॉफ्ट ने 2030 तक 2 करोड़ भारतीयों को AI कौशल (AI Skills) में प्रशिक्षित करने की अपनी प्रतिबद्धता को दोगुना कर दिया है। यह प्रोग्राम सरकारी, उद्योग और डिजिटल सार्वजनिक प्लेटफॉर्म के साथ साझेदारी में चलाया जाएगा।
* सरकारी प्लेटफॉर्म पर AI: माइक्रोसॉफ्ट, भारत सरकार के e-Shram और नेशनल करियर सर्विस (NCS) जैसे बड़े डिजिटल सार्वजनिक प्लेटफॉर्म में AI क्षमताओं को एकीकृत करेगा। इससे 31 करोड़ से अधिक अनौपचारिक श्रमिकों को मल्टीलिंगुअल एक्सेस, AI-सहायता प्राप्त नौकरी मिलान (Job Matching), और ऑटोमेटेड रिज्यूमे निर्माण जैसे लाभ मिलेंगे।
3. डेटा सॉवरेनिटी (Data Sovereignty)
* स्वदेशी AI क्षमताएँ: निवेश का उद्देश्य भारत की डेटा और निवास नीतियों के अनुरूप ‘स्वदेशी AI क्षमताएँ’ और सॉवरेन-रेडी समाधान (Sovereign-ready Solutions) बनाना है। इसका मतलब है कि भारत के संवेदनशील डेटा की सुरक्षा और गोपनीयता सुनिश्चित करने के लिए स्थानीय स्तर पर क्लाउड सेवाएं प्रदान करना।
🌟 यह निवेश क्यों महत्वपूर्ण है?
* एशिया का सबसे बड़ा निवेश: यह माइक्रोसॉफ्ट द्वारा एशिया में किया गया अब तक का सबसे बड़ा निवेश है, जो वैश्विक AI और क्लाउड रेस में भारत की बढ़ती भूमिका को स्थापित करता है।
* रोजगार और इनोवेशन: यह निवेश बड़े पैमाने पर डेटा सेंटर, AI और क्लाउड से संबंधित क्षेत्रों में नौकरी के नए अवसर पैदा करेगा और भारत के तकनीकी स्टार्टअप्स और डेवलपर्स के लिए इनोवेशन को बढ़ावा देगा।
* डिजिटल पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर: यह भारत के डिजिटल पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर (DPI) को AI पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर (API) में बदलने की दिशा में एक बड़ा कदम है।
यह घोषणा माइक्रोसॉफ्ट के सीईओ सत्या नडेला द्वारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात के तुरंत बाद की गई, जहाँ उन्होंने भारत के AI रोडमैप और तकनीकी प्राथमिकताओं पर चर्चा की।



